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रिपोर्ट, इजहार अली
झुलनीपुर। नेपाल के पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार हो रही भारी बारिश का असर अब नारायणी-गंडक नदी में साफ दिखाई देने लगा है। त्रिशूली नदी में काली खोला के पास से पानी तेजी से नीचे की ओर बढ़ने के कारण गंडक नदी का जलस्तर भी लगातार बढ़ रहा है। बढ़ते जलस्तर को देखते हुए महराजगंज जिले की निचलौल तहसील क्षेत्र के नदी किनारे बसे गांवों में प्रशासन ने अलर्ट जारी कर दिया है।
प्रशासन के अनुसार वाल्मीकिनगर गंडक बैराज से रविवार सुबह 10 बजे 1.25 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया। इसके बाद 11 बजे डिस्चार्ज बढ़कर 1,36,700 क्यूसेक और दोपहर 12 बजे 1,44,800 क्यूसेक पहुंच गया। लगातार बढ़ रहे डिस्चार्ज से नदी किनारे रहने वाले ग्रामीणों में बाढ़ की आशंका को लेकर चिंता बढ़ गई है।
राहत-बचाव दल अलर्ट, ग्रामीणों को नदी से दूर रहने की सलाह
बाढ़ की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने राहत और बचाव कार्य में लगे कर्मचारियों को पूरी तरह तैयार रहने के निर्देश दिए हैं। एसएसबी के बचाव दल के उप निरीक्षक सौरभ धर दुबे अपनी टीम के साथ पथलहवा टेलफाल पर अलर्ट हैं। ग्रामीणों को नदी किनारे जाने से रोका जा रहा है।
उपजिलाधिकारी निचलौल सिद्धार्थ गुप्ता ने बताया कि क्षेत्र के सोहगीबरवा, गेड़हवा, कनमिसवा और जलागम टोला समेत नदी किनारे के गांवों में बाढ़ राहत एवं बचाव कार्य में लगे कर्मचारियों को आवश्यक निर्देश दिए गए हैं। नदी के जलस्तर और पानी के डिस्चार्ज पर लगातार नजर रखी जा रही है। स्थिति के अनुसार राहत एवं बचाव की कार्रवाई तेज की जाएगी।


